सिंधु नदी की प्रमुख सहायक नदियाँ
सिंधु नदी की प्रमुख सहायक नदियों का उत्तर से दक्षिण का क्रम झेलम – चेनाब – रावी – ब्यास – सतलुज है। यहाँ इन नदियों का विस्तृत वर्णन दिया गया है:
1. झेलम नदी
- उद्गम: पीरपंजाल गिरिपद में स्थित वेरीनाग स्प्रिंग से।
- विशेषता: यह वुलर झील से होती हुई पाकिस्तान में चेनाब नदी से मिल जाती है। यह श्रीनगर के पास विसर्प (Meanders) का निर्माण करती है।
- प्राचीन नाम: ऋग्वेद में इसे ‘वितस्ता’ कहा गया है।
- सहायक नदियाँ: लिदर, नीलम एवं सिंध।
- प्रमुख परियोजनाएँ: जम्मू-कश्मीर में तुलबुल व उरी परियोजनाएँ।
2. चेनाब नदी
- परिचय: यह सिंधु की सबसे बड़ी सहायक नदी है। हिमाचल प्रदेश में इसे ‘चंद्रभागा’ के नाम से जाना जाता है।
- उद्गम: बारालाचा ला दर्रे के दोनों ओर से निकलने वाली ‘चंद्र’ और ‘भागा’ नदियों के तांडी में मिलने से चेनाब बनती है।
- प्राचीन नाम: ऋग्वेद में इसे ‘असिकनी’ कहा गया है।
- मुहाना: पाकिस्तान के पंजमद में सतलुज नदी से मिल जाती है।
- प्रमुख परियोजनाएँ: सलाल, बगलीहार तथा दुलहस्ती परियोजना।
3. रावी नदी
- उद्गम: हिमाचल प्रदेश में रोहतांग दर्रे के पश्चिम से निकलती है।
- विशेषता: यह चंबा घाटी में प्रवाहित होती है।
- प्राचीन नाम: ऋग्वेद में इसे ‘परुष्णि’ या ‘इरावती’ कहा गया है।
4. ब्यास नदी
- उद्गम: यह रोहतांग दर्रे के पास ‘ब्यास कुंड’ से निकलती है।
- प्रवाह: यह हिमाचल प्रदेश के ‘कुल्लू घाटी’ से प्रवाहित होती है।
- मैदानी प्रवेश और संगम: पंजाब के होशियारपुर जिले के तलवाड़ा नामक स्थान पर यह मैदानी भाग में प्रवेश करती है और ‘हरिके’ नामक स्थान पर सतलुज नदी से मिल जाती है।
- प्राचीन नाम: ऋग्वेद में इसे ‘विपासा’ कहा गया है।
- प्रमुख परियोजना: हिमाचल प्रदेश की पोंग परियोजना इसी नदी से संबंधित है।
5. सतलुज नदी
- उद्गम: तिब्बत के पठार के ‘राक्षस ताल’ झील से इसका उद्गम होता है।
- भौगोलिक विशेषता: यह हिमाचल प्रदेश में गहरी घाटी का निर्माण करती है।
- सीमा: यह नदी पंजाब के फिरोजपुर से फाजिलका के बीच भारत-पाकिस्तान की सीमा बनाती है।
- प्राचीन नाम: ऋग्वेद में इसे ‘सुतुद्री या शुतुद्री’ के नाम से जाना जाता है।
- संगम: यह पंजमद के रूप में मीथानकोट (पाकिस्तान) के समीप सिंधु नदी से मिल जाती है।
एकीकृत तुलनात्मक सारणी
| नदी का नाम | प्राचीन नाम (ऋग्वेद) | उद्गम स्थल | मुख्य तथ्य / परियोजनाएँ |
|---|---|---|---|
| झेलम | वितस्ता | वेरीनाग स्प्रिंग | वुलर झील से प्रवाह; तुलबुल व उरी परियोजनाएँ |
| चेनाब | असिकनी | बारालाचा ला दर्रा | सिंधु की सबसे बड़ी सहायक नदी; सलाल, बगलीहार, दुलहस्ती |
| रावी | परुष्णि / इरावती | रोहतांग दर्रा (पश्चिम) | चंबा घाटी में प्रवाह |
| ब्यास | विपासा | ब्यास कुंड (रोहतांग) | हरिके में सतलुज से मिलन; पोंग परियोजना |
| सतलुज | सुतुद्री / शुतुद्री | राक्षस ताल (तिब्बत) | भारत-पाक सीमा निर्माण; मीथानकोट में सिंधु से संगम |