up basic education class 4 subject evs
प्रकाश संश्लेषण (Photosynthesis) को समझना बहुत आसान और मजेदार है। सरल शब्दों में कहें तो, यह वह प्रक्रिया है जिसके द्वारा पौधे अपना खाना खुद बनाते हैं।
यहाँ इसके बारे में विस्तार से जानकारी दी गई है:
प्रकाश संश्लेषण क्या है? (What is Photosynthesis?)
जैसे हमें बढ़ने और जीवित रहने के लिए भोजन की आवश्यकता होती है, वैसे ही पौधों को भी भोजन की जरूरत होती है। पौधे अपना भोजन किचन में नहीं बनाते, बल्कि अपनी पत्तियों में बनाते हैं। सूरज की रोशनी का उपयोग करके खाना बनाने की इस जादुई प्रक्रिया को ही प्रकाश संश्लेषण कहते हैं।
पौधों को खाना बनाने के लिए क्या-क्या चाहिए?
पौधों को अपना भोजन तैयार करने के लिए मुख्य रूप से 4 चीजों की जरूरत होती है:
- सूरज की रोशनी (Sunlight): ऊर्जा के लिए।
- क्लोरोफिल (Chlorophyll): यह पत्तियों में पाया जाने वाला एक हरा वर्णक (pigment) है जो सूरज की रोशनी को सोखता है। इसी के कारण पत्तियाँ हरी दिखती हैं।
- पानी (Water): पौधे अपनी जड़ों (roots) के जरिए जमीन से पानी सोखते हैं।
- कार्बन डाइऑक्साइड (Carbon Dioxide): यह एक गैस है जिसे पौधे हवा से लेते हैं।
यह प्रक्रिया कैसे काम करती है? (उदाहरण सहित)
इसे एक उदाहरण से समझते हैं: मान लीजिए आप रसोई में चाय बना रहे हैं। आपको गैस (ऊर्जा), पानी, पत्ती और चीनी चाहिए।
- जड़ें: जमीन से पानी और खनिज सोखकर तने के जरिए पत्तियों तक भेजती हैं।
- पत्तियाँ: हवा से कार्बन डाइऑक्साइड लेती हैं (पत्तियों में छोटे-छोटे छेद होते हैं जिन्हें ‘स्टोमेटा’ कहते हैं)।
- सूरज: पौधों को ‘गैस’ या ‘चूल्हे’ की तरह गर्मी और ऊर्जा देता है।
- खाना तैयार: जब ये सब मिल जाते हैं, तो पत्तियाँ ग्लूकोज (एक प्रकार की चीनी) बनाती हैं, जो पौधों का भोजन है।
इस प्रक्रिया के दौरान, पौधे हमारे लिए एक बहुत जरूरी चीज बाहर निकालते हैं, जिसे ऑक्सीजन कहते हैं।
प्रकाश संश्लेषण का सूत्र
प्रकाश संश्लेषण (Photosynthesis) का मूल रासायनिक सूत्र है: 6CO₂ + 6H₂O + प्रकाश ऊर्जा → C₆H₁₂O₆ + 6O₂, जिसका अर्थ है कि कार्बन डाइऑक्साइड (CO₂) के छह अणु और पानी (H₂O) के छह अणु सूर्य के प्रकाश और क्लोरोफिल की मदद से अभिक्रिया करके ग्लूकोज (C₆H₁₂O₆ – एक प्रकार की शर्करा/भोजन) और ऑक्सीजन (O₂) बनाते हैं, जो पौधों के लिए भोजन और अन्य जीवों के लिए ऑक्सीजन का स्रोत है
.
सूत्र का मतलब:
- 6CO₂ (कार्बन डाइऑक्साइड): हवा से लिया जाता है.
- 6H₂O (पानी): जड़ों से सोखकर पत्तियों तक पहुँचता है.
- प्रकाश ऊर्जा (सूर्य का प्रकाश): क्लोरोफिल (पत्तियों में हरा वर्णक) द्वारा अवशोषित की जाती है.
- C₆H₁₂O₆ (ग्लूकोज): पौधों का भोजन/ऊर्जा.
- 6O₂ (ऑक्सीजन): एक उप-उत्पाद के रूप में बाहर निकलती है.
यह कैसे काम करता है:
यह प्रक्रिया दो मुख्य चरणों में होती है:
कैल्विन चक्र (प्रकाश-स्वतंत्र अभिक्रियाएँ): ATP और NADPH की ऊर्जा का उपयोग करके कार्बन डाइऑक्साइड को ग्लूकोज में बदला जाता है.
प्रकाश-निर्भर अभिक्रियाएँ: प्रकाश ऊर्जा का उपयोग करके ATP और NADPH जैसे ऊर्जा वाहक बनाए जाते हैं और पानी टूटकर ऑक्सीजन मुक्त होती है.