परमाणु (Atoms) की संपूर्ण जानकारी
अध्याय: डॉल्टन का परमाणु सिद्धांत और पदार्थ की संरचना
1. परमाणु क्या है? (Introduction)
जिस प्रकार मकान ईंटों से बनते हैं, वैसे ही ब्रह्मांड का प्रत्येक पदार्थ परमाणुओं से बना है।
परिभाषा: पदार्थ का वह सूक्ष्मतर कण जो रासायनिक अभिक्रिया में भाग लेता है, परंतु स्वतंत्र अवस्था में नहीं रह सकता (अक्रिय गैसों को छोड़कर), परमाणु कहलाता है।
2. परमाणु के प्रमुख गुण
- परमाणु अत्यंत सूक्ष्म तथा उदासीन (Neutral) होते हैं।
- अधिकांश परमाणु बहुत क्रियाशील होते हैं और $H_2, O_2, Cl_2$ जैसे अणुओं के रूप में रहते हैं।
- परमाणु की त्रिज्या को नैनोमीटर (nm) में मापते हैं।
1 नैनोमीटर (nm) = 1/10⁹ मीटर = 10⁻⁹ मीटर
3. डॉल्टन का परमाणु सिद्धांत (1808)
जॉन डॉल्टन ने द्रव्य की संरचना के संबंध में निम्नलिखित परिकल्पनाएं दीं:
अविभाज्य कण: सभी द्रव्य सूक्ष्म कणों से बने हैं जिन्हें विभाजित नहीं किया जा सकता।
अविनाशी नियम: परमाणु न तो उत्पन्न किए जा सकते हैं और न ही नष्ट।
समान तत्व: एक ही तत्व के सभी परमाणुओं का द्रव्यमान और गुण समान होते हैं।
यौगिक निर्माण: परमाणु सरल पूर्णांक अनुपात (जैसे 1:1, 2:3) में जुड़कर यौगिक बनाते हैं।
4. परमाणु के आंतरिक कण (Table)
| कण (Particle) | खोजकर्ता | आवेश (Charge) |
|---|---|---|
| इलेक्ट्रॉन (Electron) | जे.जे. थॉमसन | ऋणात्मक (-ve) |
| प्रोटॉन (Proton) | ई. रदरफोर्ड | धनात्मक (+ve) |
| न्यूट्रॉन (Neutron) | जेम्स चैडविक | उदासीन (None) |
जॉन डॉल्टन (1766 – 1844)
डॉल्टन का जन्म इंग्लैंड के एक गरीब जुलाहा परिवार में हुआ था। उन्होंने 12 वर्ष की आयु में एक शिक्षक के रूप में अपनी जीविका शुरू की। उन्होंने अपना अधिकांश समय शिक्षण और शोध कार्यों में बिताया। 1808 में उन्होंने अपना प्रसिद्ध परमाणु सिद्धांत प्रस्तुत किया जिसने आधुनिक रसायन विज्ञान की नींव रखी।