
शीत ऋतु (सर्दियों) में सरसों का तेल, जिसे आम भाषा में कड़वा तेल भी कहा जाता है, किसी औषधि से कम नहीं है। भारतीय घरों में सदियों से इसका उपयोग शरीर को गर्म रखने और स्वस्थ रहने के लिए किया जाता रहा है।
यहाँ सर्दियों में सरसों के तेल के प्रमुख फायदे दिए गए हैं:
1. शरीर को गर्माहट देता है (Natural Warmer)
सरसों के तेल की तासीर (nature) गर्म होती है। सर्दियों में इससे पूरे शरीर की मालिश करने से:
- रक्त संचार (Blood Circulation) बेहतर होता है।
- शरीर में प्राकृतिक गर्मी आती है, जिससे ठंड कम लगती है।
2. सर्दी, खांसी और जुकाम में रामबाण (Relief from Cold & Cough)
अगर आपको ठंड लग गई है या छाती में कफ जम गया है, तो यह तेल बहुत असरदार है:
- उपाय: सरसों के तेल में लहसुन की कुछ कलियां और अजवाइन डालकर गर्म करें। इसे गुनगुना करके छाती, पीठ और पैरों के तलवों पर मालिश करें। इससे बंद नाक और जकड़न में तुरंत आराम मिलता है।
3. रूखी त्वचा के लिए मॉइस्चराइजर (Best for Dry Skin)
सर्दियों में हवा रूखी होने के कारण त्वचा फटने लगती है।
- नहाने से पहले या बाद में सरसों का तेल लगाने से त्वचा में नमी बनी रहती है।
- यह फटी एड़ियों (Cracked Heels) और फटे होंठों को ठीक करने में भी बहुत मदद करता है।
4. जोड़ों के दर्द में आराम (Relief in Joint Pain)
सर्दियों में अक्सर बुजुर्गों को घुटनों या जोड़ों में दर्द की शिकायत होती है।
- नियमित रूप से गुनगुने सरसों के तेल की मालिश हड्डियों को मजबूत बनाती है और दर्द व सूजन को कम करती है।
5. बालों की समस्याओं का समाधान (Hair Care)
सर्दियों में डैंड्रफ (रूसी) और बाल झड़ने की समस्या बढ़ जाती है।
- सरसों का तेल स्कैल्प (सिर की त्वचा) को पोषण देता है।
- यह फंगल इन्फेक्शन को रोकता है और बालों को घना व काला बनाता है।
6. इम्युनिटी बूस्टर (Immunity Booster)
सर्दियों में सरसों के तेल में खाना पकाना भी बहुत फायदेमंद है।
- यह शरीर की रोग प्रतिरोधक क्षमता को बढ़ाता है।
- यह पाचन तंत्र (Digestion) को भी दुरुस्त रखता है।
बहुत अच्छी जानकारी
Very good
Very goog